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पत्थर बन जाते हैं यहाँ प्रवेश करने वाले भक्त!

Posted On: 6 May, 2015 Infotainment में

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वैसे तो हम आए-दिन किसी न किसी से भूत-प्रेत, डायन और पुराने श्राप से संबंधित कहानियां सुनते रहते हैं लेकिन कुछ कहानियां ऐसी होती हैं जो एक रहस्य बन जाती हैं, “कि अगर ऐसा होता है तो इसके पीछे कारण क्या है?” बाड़मेर (राजस्थान) का किराडु शहर ऐसे ही किसी रहस्य को अपने भीतर समेटे हुए है. एक समय था जब यह स्थान भी आम जगहों जैसा ही था. यहां पर भी लोग रहते थे, आजीविका के लिए प्रयत्न करते थे और स्वयं के लिए मौजूद सुख-सुविधाओं का भरपूर आनंद उठाते थे. लेकिन क्या कारण है कि आज के युग में, जब विज्ञान ने इतनी ज्यादा उन्नति कर ली है कि पारलौकिक कथाएं स्वयं अपना अस्तित्व खो चुकी हैं तब भी लोग रात के समय बाड़मेर के ऐतिहासिक किराडु मंदिर में नहीं जाते?



kiradu temple




कहते हैं इस शहर पर एक साधु का श्राप लगा हुआ है. करीब नौ सौ साल पहले जब परमार राजवंश यहां राज करता था तब इस शहर में एक बहुत ज्ञानी साधु भी रहने आए थे. जब वह साधु देश भ्रमण पर निकले तो उन्होंने अपने साथियों को स्थानीय लोगों के सहारे छोड़ दिया. साधु के पीछे उनके सारे शिष्य बीमार पड़ गए और बस एक कुम्हारिन को छोड़कर अन्य किसी भी व्यक्ति ने उनकी देखभाल नहीं की.


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साधु जब वापिस आए तो उन्हें यह सब देखकर बहुत क्रोध आया. साधु ने कहा कि जिस स्थान पर दया भाव ही नहीं है वहां मानव जाति को भी नहीं होना चाहिए. उन्होंने संपूर्ण नगरवासियों को पत्थर बन जाने का श्राप दे दिया. जिस कुम्हारिन ने उनके शिष्यों की सेवा की थी, साधु ने उसे शाम होने से पहले यहां से चले जाने को कहा और यह भी सचेत किया कि पीछे मुड़कर ना देखे. लेकिन कुछ दूर चलने के बाद कुम्हारिन ने पीछे मुड़कर देखा और वह भी पत्थर की बन गई. इस श्राप के बाद अगर शहर में शाम ढलने के पश्चात कोई रहता है वह पत्थर का बन जाता है.


temple kiradu



यह श्राप इतना असरदार है कि जो स्थान स्वयं ऐतिहासिक महत्व रखता है वहां ना तो कोई शोध की जाती है और ना ही इस रहस्य को सुलझाने के लिए ही कोई प्रयास होता है. अब यह कोई अफवाह है या फिर हकीकत लेकिन यह स्थान अब दिन में ही इतना भयावह दिखता है कि रात को यहां आने की कोई कोशिश भी नहीं करता .Next….



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10 प्रतिक्रिया

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नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments

NITIN DEORE के द्वारा
March 2, 2015

is tarha ki news padhane mai mujhe bahut maja aata hai…..lekin ek samshya hai agar mujh emobile me asi news padhni ho ho mujhe kya karna hoga

NITIN DEORE के द्वारा
March 2, 2015

ES DUNIYA MAI AISI KAI JAGAH HAI JISKA RAAJ ABHI TAK KOI BHI NAHI KHOL PAAYA …MUJHE IS TARAH KI KAHANI PADHANE KAAFI INTRES AATA HAI ……PAR JAB TAK KISI BHI CHIJ APANI AANKHO SE DEKH NAA LU MUJHE VISWAS NAHI HOTA……….

Abhishek kumar के द्वारा
August 10, 2014

kya bhai aap kis duniya me rahte ho ye sab phaltu bakawash hai yaha na sadhu sant waisa tha ,na ramayan ka war hua tha bas duniya andh viswash me rah raha hai

kailash choudhary के द्वारा
May 13, 2014

विशवास नही होता है

Don के द्वारा
May 12, 2014

ye bakwas sirf india me hi hota hai sirf andhwiswas hai……… yenews padne ke baad hasi ati hahhahahha

    kailash choudhary के द्वारा
    May 13, 2014

    tere kya malum india me kya he

shashi singhal के द्वारा
May 12, 2014

विश्वास नहीं होता ….

santosh gupta के द्वारा
May 12, 2014

is अमेज़िंग

Raj choudhary के द्वारा
May 11, 2014

Ye bilkul afwah h AGR aise koi shadhu hote the to unhone bharat ko gulam hone se kyu nhi bachaya or apne sishyo ko bimar kyu hone diya….

    kailash choudhary के द्वारा
    May 13, 2014

    nhi yaar ho sakta he sayt ghav walo ne sisyo ki madt ki hoti to yesa nhi hota bhagwan yesa nhi sata hoga  हा यार  


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