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हैवानियत का नमूना हैं इतिहास की सबसे क्रूरतम सभ्यताएं!!

Posted On: 28 Jul, 2012 Others में

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दुनिया का इतिहास जितना प्राचीन है उतना ही अद्भुत भी. समग्र इतिहास पर नजर डालें तो यहां कई प्रमुख और ताकतवर सभ्यताओं का वर्चस्व रहा है. सभ्यताओं की लंबी सूची में मेसोपोटामिया, भारत, मिस्र, चीन, यूनान और रोम की सभ्यताएं सबसे प्राचीन और महत्वपूर्ण मानी जाती हैं. लेकिन कुछ ऐसी सभ्यताएं भी यहां मौजूद रही हैं जिनमें हिंसा का बोलबाला था, जिनमें इंसान की जान की कोई कीमत नहीं थी. अत्याधिक हिंसक और क्रूर होने के कारण यह सभ्यताएं कई लोगों की मौत का कारण भी बनीं.


1. 14वीं और 15वीं शताब्दी के आसपास अमेरिका में ‘अपाचे’ लोग अस्तित्व में आए. यह बेहद कुशल योद्धा थे जो लकड़ी और हड्डियों से बने हथियारों से युद्ध करते थे. अपाचे लोगों को अमेरिकी निंजा भी कहा जा सकता है. दुनिया भर में ये लोग चाकू से लड़ने की अपनी बेहतरीन तकनीक के लिए जाने जाते थे. एक दौर था जब अपाचे लोगों ने  दक्षिण-पश्चिम अमेरिका में  खासा उत्पात मचा रखा था. अपाचे लोगों के लड़ने का तरीका उत्तम माना जाता था यही वजह है कि आधुनिक युद्ध तकनीकों में भी इनका प्रयोग किया जाता है.


2. अमेरिका की ही तर्ज पर यूरोप में भी ‘केल्टिक’ नाम की एक सभ्यता का वर्चस्व था. केल्टिक सभ्यता के लोग अत्याधिक निर्दयी और क्रूर हुआ करते थे. इन्हें हेड-हंटर्स के रूप में जाना जाता था. जंग जीतने के बाद वह अपने दुश्मन का सिर काटकर प्रतीक के तौर पर अपने रथ पर टांग देते थे. दुश्मनों को चौंकाने के लिए वह निर्वस्त्र होकर युद्ध करते थे. दुश्मन को हराने के बाद केल्टिक सभ्यता के लोग उसके शरीर के कटे हुए अंग अपने पास यादगार के तौर पर परिरक्षित करके रखते थे.


3. केल्टिक के बाद ‘मंगोली’ सभ्यता के लोग भी बेहद क्रूर स्वभाव के हुआ करते थे. जिनकी पहचान उनका खूंखार और जंगली व्यवहार था. एशिया के साथ-साथ यूरोप पर भी मंगोलों का वर्चस्व था. वे कुशल घुड़सवार तो थे ही साथ ही उनका सरदार अपनी निर्दयता और बहादुरी के लिए जाना जाता था. इन लोगों को तीरंदाजी का तो शौक था ही इसके अलावा वह सदैव अनुशासन में ही रहते थे. उनके विरोधी उनसे बहुत डरते थे. आधी जंग तो यह डर ही मंगोलों को जिता देता था.


4. यूरोप के लोगों के न्यूजीलैंड में बसने से पहले वहां ‘माओरी’ सभ्यता के लोग रहा करते थे. माओरी लोगों को केनाबलिज्म यानि नरभक्षण के लिए जाना जाता था. 1809 में माओरी हमले में बचे कुछ लोगों ने बताया था कि माओरी लोगों ने अपने एक साथी की मौत का बदला लेने के लिए उनके जहाज पर हमला किया और मारे गए बहुत से लोगों की लाशें खाने के लिए ले गए.


5. दुनिया में सबसे महान कहे जाने वाले रोमन साम्राज्य की निर्दयता और क्रूरता के किस्से तो कई बार सुने जा चुके हैं. रोमन साम्राज्य के लोग अपने गुलामों, दासों को तब तक एक-दूसरे से लड़वाते थे जब तक उन दोनों में से किसी एक की मौत ना हो जाए. इतना ही नहीं अपनी सभा या किसी महफिल में रोशनी भरने के लिए वह इंसानों तक को जिंदा जला देते थे. इतिहास के सबसे क्रूर नामों में नीरो और कालीगुला रोमन ही थे. प्राचीन रोमन साम्राज्य 2,214 साल तक कायम रहा था.





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3 प्रतिक्रिया

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नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments

योगी के द्वारा
December 2, 2014

इतिहास का संछिप्त रूप आपने बहुत ही सही तरीके से पेस किया है !

bharodiya के द्वारा
July 30, 2012

भाई साहब आपने दैनिक भास्कर में फोटो के साथ ये आर्टिकल लिखा है । यहां भी लगा देते तो अच्छा रहता । फोटो के साथ ज्यादा असर करता है ।

anilkumar के द्वारा
July 29, 2012

निर्दयी, क्रूर, खूंखार और हैवानी प्रवति के लोगों के समुह को कबीले, गिरोह आदि कुछ कहा जा सकता है, परन्तु सभ्यताएं नहीं . 


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